कानपुर में महिला की हत्या के बाद Google पर सबूत मिटाने के तरीके सर्च करने का आरोप, बेटे पर शक; मोबाइल हिस्ट्री से खुलासा
कानपुर के केशवपुरम स्थित हसनपुर में करीब एक महीने पहले हुई 58 वर्षीय उमा कुशवाहा की हत्या के मामले में पुलिस की जांच बड़े बेटे अमरीश तक पहुंची है। पुलिस के मुताबिक, उसके मोबाइल की Google हिस्ट्री में हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के तरीके खोजे जाने की बात सामने आई है। पुलिस ने CCTV, कॉल डिटेल, मोबाइल लोकेशन और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई है। हालांकि, जेवर बरामद होना अभी बाकी बताया जा रहा है।
बिंदास बोल न्यूज़ विशेष संवाददाता
महिला की हत्या के बाद Google पर सबूत मिटाने के तरीके सर्च करने का आरोप
कानपुर। रावतपुर थाना क्षेत्र के केशवपुरम स्थित हसनपुर में करीब एक महीने पहले हुई 58 वर्षीय उमा कुशवाहा की हत्या के मामले में पुलिस की जांच उनके बड़े बेटे अमरीश तक पहुंच गई है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी के मोबाइल फोन की Google हिस्ट्री की जांच में हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के तरीके खोजे जाने की बात सामने आई है।
पुलिस अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं कर सकी है। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का दावा है कि जांच में सामने आए साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ पर्याप्त तथ्य मौजूद हैं। पुलिस के मुताबिक, हत्या में लूटे गए जेवरों की बरामदगी का प्रयास किया जा रहा है।
घर में ही हुई थी महिला की हत्या
पुलिस के अनुसार, हसनपुर निवासी उमा कुशवाहा की उनके ही घर में मुंह और नाक दबाकर हत्या की गई थी। उनका शव घर में कुर्सी पर बैठी अवस्था में मिला था।
घटना के बाद रावतपुर थाना पुलिस और सर्विलांस टीम ने मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज के साथ परिवार के मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल, मोबाइल टावर डाटा और लोकेशन की जांच की।
जांच की सुई बड़े बेटे पर घूमी
पुलिस जांच के दौरान शक की सुई मृतका के बड़े बेटे अमरीश की ओर गई। इसके बाद पुलिस ने उससे कई दिनों तक अलग-अलग चरणों में कई घंटे पूछताछ की।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ के दौरान उसके बयानों में कथित तौर पर विरोधाभास सामने आया। पुलिस का दावा है कि पूछताछ के दौरान वह कभी घटना स्वीकार करने की बात कहता था तो बाद में अपने बयान से मुकर जाता था।
मोबाइल की Google हिस्ट्री में क्या मिला?
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, अमरीश के मोबाइल फोन की Google हिस्ट्री की जांच में हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के तरीकों से संबंधित सर्च किए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस ने इसे जांच में महत्वपूर्ण तथ्य माना है। इसके अलावा पुलिस के अनुसार, हत्या का संभावित समय रात करीब 12 बजे से 12:15 बजे के बीच माना जा रहा है और उस दौरान अमरीश की मोबाइल लोकेशन उसके घर पर ही मिली।
मोबाइल पर उसी समय आए थे दो मैसेज
पुलिस जांच के अनुसार, घटना के संभावित समय के दौरान मोबाइल कंपनी की ओर से दो मैसेज भी अमरीश के मोबाइल फोन पर आए थे।
इसके अलावा पुलिस ने उसके मोबाइल नंबर की कॉल डिटेल, किन लोगों से कब और कितनी देर बातचीत हुई, मोबाइल लोकेशन तथा उसकी पत्नी समेत अन्य लोगों के बयान भी जांच में शामिल किए हैं।
पूछताछ में कहा- मेरा नार्को टेस्ट करा दीजिए
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान अमरीश ने पुलिस अधिकारियों से कथित तौर पर कहा कि “सर, मेरा नार्को टेस्ट करा दीजिए।”
पुलिस अधिकारियों का दावा है कि मामले में गिरफ्तारी के लिए पर्याप्त साक्ष्य जुटाए जा चुके हैं। हालांकि, महिला के जेवर अभी बरामद नहीं हो सके हैं और उनकी बरामदगी के लिए पुलिस प्रयास कर रही है।
गिरफ्तारी और बरामदगी पर पुलिस की नजर
फिलहाल पुलिस CCTV फुटेज, मोबाइल डेटा, कॉल डिटेल, लोकेशन और गवाहों के बयानों समेत उपलब्ध साक्ष्यों को जोड़कर मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, जेवरों की बरामदगी के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। अभी तक सामने आए सभी तथ्य पुलिस जांच का हिस्सा हैं और अंतिम निष्कर्ष कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0

